काठमांडू। गढीमाई नगर पालिका वार्ड नं. पुलिस ने परसा-7 में एक दरगाह के पास लोगों के साथ शिकायत सुन रहे प्रतिनिधि सभा के सदस्य गणेश पौडेल के साथ अमानवीय व्यवहार करने के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
जिला पुलिस कार्यालय, रौतहट और इलाका पुलिस कार्यालय, गरुड़ से प्रतिनियुक्त एक संयुक्त पुलिस टीम ने आगे की जांच के लिए दोषियों को गिरफ्तार कर लिया।
पौडेल बुधवार रात करीब 9 बजे रौतहट विधानसभा क्षेत्र नंबर 1 से निर्वाचित हुए। वह प्रदेश 4 के लोगों की शिकायतें सुन रहे थे। उसी समय कुछ अज्ञात लोग मौके पर आ गए।
उन्होंने ‘मधेस मुक्ति अभियान अमर रहे, मधेस मुक्ति अभियान अमर रहे, नेपाली लौटें माननीय मुर्दाबाद, नेपाली उपनिवेशवाद खत्म, झापा से कंचनपुर तक मधेश स्वतंत्र है’ के नारे लिखे पर्चे भी फेंके। उसके बाद उन्होंने सदस्य पौडेल के साथ अमानवीय और अमानवीय व्यवहार किया था।
रौतहट जिला पुलिस कार्यालय के पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) बसंत गौतम ने कहा कि घटना में उनकी कथित संलिप्तता के लिए उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। क. वार्ड नं. के 03 मकान धनाडी-7 और गढीमाई नगर पालिका वार्ड नंबर 7 के 20 वर्षीय शेख इबरान। पुलिस ने गम्हरिया-3 के 19 वर्षीय इरफान अंसारी को गिरफ्तार कर लिया है।
रौतहट जिला अदालत ने दोनों को आगे की जांच के लिए तीन दिन की हिरासत में भेज दिया है। पुलिस ने कहा कि वे मामले में शामिल अन्य लोगों की भी तलाश कर रहे हैं और फिलहाल फरार हैं।

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